किताब के बारे में:

उपन्यास “विवेक“ एक कल्पित कहानी है जो विभिन्न पात्रों व घटनाओं से युक्त है। इसके मुख्य पात्र “विवेक“ एक राजकुमार होने के बावजूद साधारण जीवन जीना चाहते हैं परन्तु साथ में जीवन को सम्पूर्ण रूप में भी जीना चाहते है। विवेक शिक्षा के महत्त्व को समझते हैं तथा उच्च शिक्षा के माध्यम से बुद्धि का विकास करके विवेकशील बनना चाहते हैं ताकि स्वतन्त्र चिन्तन के द्वारा जीवन के सभी कठिन प्रश्नों का हल खोज सके। जीवन से सम्बंधित सभी प्रकार के प्रश्नों का उत्तर पाठकगण “विवेक“ के माध्यम से जान सकते हैं।

लिखावट और वर्णन:

लिखावट और वर्णन दोनों ही बेहद अच्छे हैं इस पुस्तक के । लेखक ने हर एक चरित्र को काफी अच्छे तरीके से दर्शाया है ।

पुस्तक आवरण एवं शीर्षक:

पुस्तक आवरण और शीर्षक मुझे दोनों ही कहानी से मेल कहते हैं |

पेशेवर:

  • सरल भाषा
  • प्रेरणादायक कहानी
  • अच्छी सीख

विपक्ष:

मुझे कुछ भी बुरा नहीं लगा

मेरा फैसला:

यूँ तो हम बचपन से ही राजाओं की कहानिया पढ़ते आ रहे हैं जिस में कुछ न कुछ सिखने को जरूर मिलता है, लेकिन इसमें बहोत सी ऐसी चीज़ें हैं जो प्रेरणादायक हैं । एक राजकुमार का आम ज़िन्दगी जीना और पढ़ने की तरफ इतनी लगन रख के सब बाधाओं को पार करना बहोत ही अच्छे ढंग से दिखाया गया है । उससे भी ज्यादा, अंधविश्वासों से कैसे खुद को बचाया जाये ये सुन्दर रूप से प्रतीत करवाया गया है ।

रेटिंग्स: 3.5/5

खरीदिये: विवेक

हुकुम सिंह दहिया जी से बात चीत

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